शकुन दाईं ओर शुभ या बाईं ओर — शास्त्र और परंपरा क्या कहती है
मुहूर्त मार्तण्ड के अनुसार यात्रा में शुभ शकुन दाईं ओर और अशुभ बाईं ओर दिखें तो अच्छा है; स्त्री-संज्ञक पक्षी बाईं, पुरुष-संज्ञक दाईं ओर शुभ।
मुहूर्त चिंतामणि में भी कोयल, छिपकली बाईं ओर और बंदर जैसे जीव दाईं ओर शुभ हैं।
पशु-पक्षी दाईं ओर से घूमकर जाएँ (प्रदक्षिण) तो शुभ माना गया है।
बृहत् संहिता का सामान्य नियम है कि स्त्रियों के लिए शकुन उलटे पढ़े जाते हैं; इस शकुन का अलग नियम नहीं दिया।
आधार: मुहूर्त मार्तण्ड, यात्रा प्रकरण, श्लोक 15–20।
by VedicDost — फल शास्त्र-नियमों से, कोई जानकारी सेव नहीं होती
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
पुरुष और स्त्री के लिए यह नियम अलग है क्या?
बृहत् संहिता का सामान्य नियम है कि स्त्रियों के लिए शकुन उलटे पढ़े जाते हैं; इस शकुन का अलग नियम नहीं दिया।
क्या शकुन हमेशा सच होते हैं?
शकुन एक संकेत माना जाता है, गारंटी नहीं। शास्त्र भी कहता है कि मन की प्रसन्नता और अपना कर्म सबसे बड़ा शकुन है।
इसका सबसे आसान उपाय क्या है?
2 मिनट आँखें बंद कर 11 गहरी साँस लें, इष्टदेव का नाम लें और शांत मन से काम शुरू करें।