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दिल (हृदय) के पास तिल — सामुद्रिक शास्त्र क्या कहता है

बृहत् संहिता के अनुसार हृदय-स्थान पर तिल संतान-सुख का संकेत है; सामुद्रिक शास्त्र स्त्री के हृदय पर तिल को सौभाग्य का कारण कहता है।

शुभ संकेत

तिल का राज़

लोक-परंपरा में इसे प्रेमपूर्ण और वफ़ादार स्वभाव से जोड़ते हैं।

परिवार में प्रेम बनाए रखना इसका सबसे अच्छा फल है।

पुरुष: बृहत् संहिता (52.4) में संतान-सुख; स्त्री: सामुद्रिक (90) में सौभाग्य।

आधार: बृहत् संहिता, अध्याय 52, श्लोक 4।

क्यों?आधार: बृहत् संहिता, अध्याय 52, श्लोक 4
क्या करें: बड़ों का सम्मान करें और ज़रूरतमंद को भोजन कराएँ — यह शुभ लक्षण को और बढ़ाता है।

by VedicDost — फल शास्त्र-नियमों से, कोई जानकारी सेव नहीं होती

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या दिल (हृदय) के पास तिल का फल पुरुष और स्त्री के लिए अलग है?

पुरुष: बृहत् संहिता (52.4) में संतान-सुख; स्त्री: सामुद्रिक (90) में सौभाग्य।

क्या दिल (हृदय) के पास तिल का फल बदल सकता है?

हाँ — सामुद्रिक शास्त्र कहता है कि शील (अच्छा आचरण) हर लक्षण से बड़ा है; अच्छे आचरण वाला व्यक्ति कम शुभ लक्षण होने पर भी श्रेष्ठ माना जाता है।

क्या दिल (हृदय) के पास तिल हटवाना चाहिए?

सिर्फ़ ज्योतिष के कारण तिल हटवाने की ज़रूरत नहीं। तिल का आकार, रंग या किनारा बदले, ख़ून आए या खुजली हो तो त्वचा-डॉक्टर को दिखाएँ।

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