
♉ वृषभ साप्ताहिक राशिफल — 19 – 25 अक्टूबर 2026
आपकी चंद्र राशि से ग्रहों का गोचर · वृषभ (Taurus) · स्वामी शुक्र
चार क्षेत्रों का रुख़
ग्रहों की चाल और उसका असर
- सूर्य · काम और मान-सम्मान · आपकी राशि से छठे भाव में · अनुकूल
प्रतिस्पर्धा और रोज़ के काम में पकड़ मज़बूत रहने का झुकाव है; पुराना बकाया या उलझन सुलझ सकती है। - मंगल · हिम्मत और ऊर्जा · आपकी राशि से तीसरे भाव में · अनुकूल
भाई-बहनों का साथ और रुके कामों में तेज़ी आने का झुकाव है; ऊर्जा को सही दिशा दें। - बुध · बातचीत, पढ़ाई और व्यापार · आपकी राशि से छठे भाव में · अनुकूल
सेहत और दिनचर्या सुधारने के लिए अनुकूल; उलझे मामलों में समझदारी से हल निकल सकता है।
↳ बुध 25 अक्टूबर से वक्री (उल्टी चाल) होगा। - गुरु · धन, सीख और परिवार · आपकी राशि से तीसरे भाव में · सँभलकर
पहल करने में हिचक रह सकती है; रोज़ थोड़ा-थोड़ा आगे बढ़ते रहना काफ़ी है। - शुक्र · रिश्ते और सुख-सुविधा · आपकी राशि से छठे भाव में · सँभलकर
रोज़ के काम में आलस और रिश्तों में छोटी ग़लतफ़हमी की ओर झुकाव है; खान-पान संतुलित रखें।
↳ शुक्र इस दौरान वक्री (उल्टी चाल) है; कामों में देरी या दोबारा विचार की गुंजाइश रखें। - शनि · मेहनत और ज़िम्मेदारी · आपकी राशि से ग्यारहवें भाव में · अनुकूल
बड़े या उम्रदराज़ लोगों का सहयोग और पुराने रुके लाभ मिलने की गुंजाइश है।
↳ शनि इस दौरान वक्री (उल्टी चाल) है; कामों में देरी या दोबारा विचार की गुंजाइश रखें। - राहु · नए मौक़े और उलझन · आपकी राशि से दसवें भाव में · अनुकूल
पहचान बनाने के नए रास्ते खुल सकते हैं; ईमानदारी और पारदर्शिता बनाए रखें।
चंद्रमा की चाल: दिन-दर-दिन
| दिन | चंद्रमा आपकी राशि से | रुख़ |
|---|---|---|
| सोमवार 19 | नौवें भाव | सामान्य |
| मंगलवार 20 | नौवें भाव | सामान्य |
| बुधवार 21 | नौवें भाव | सामान्य |
| गुरुवार 22 | दसवें भाव | अनुकूल |
| शुक्रवार 23 | दसवें भाव | अनुकूल |
| शनिवार 24 | ग्यारहवें भाव | अनुकूल |
| रविवार 25 | ग्यारहवें भाव | अनुकूल |
सरल उपाय
शुक्र: अपनों के साथ बैठकर प्रेम से भोजन करें।
उपाय सरल हैं: दान, जप या सेवा। कोई महँगी चीज़ ज़रूरी नहीं, और VedicDost रत्न नहीं बेचता।
ग्रह दिशा देते हैं, कर्म भविष्य बनाता है; अनुकूल हफ़्ते का सबसे अच्छा उपयोग मेहनत और कृतज्ञता है।
🔮 अपनी कुंडली और दशा से निजी राशिफल — मुफ़्त
यह राशिफल कैसे बना
आधार: 19 अक्टूबर से 25 अक्टूबर तक हर दिन सुबह 6 बजे (भारतीय समय, भोपाल) के असली ग्रह-स्थान, निरयण (लाहिड़ी) गणना से। हर ग्रह को आपकी चंद्र राशि से गिनकर भाव निकाला गया और फलदीपिका के गोचर-अध्याय की शुभ-भाव सूची से मिलाया गया। यह सब पर लागू होने वाला सामान्य रुख़ है; आपकी अपनी कुंडली और दशा से मिलाने पर निजी तस्वीर बनती है। यह मार्गदर्शन है, गारंटी नहीं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
यह राशिफल कैसे बना है?
हर दिन के असली ग्रह-स्थान को आपकी चंद्र राशि से गिना गया और गोचर की शुभ-भाव सूची से मिलाया गया। पाठ तैयार वाक्यों से चुना जाता है, इसलिए हर हफ़्ते और महीने में बदलता है।
अपनी चंद्र राशि कैसे जानें?
जन्म के समय चंद्रमा जिस राशि में था वही आपकी चंद्र राशि है। इसके लिए मुफ़्त कुंडली बनाएँ; यह सूर्य राशि से अलग हो सकती है।
क्या यह राशिफल पक्की भविष्यवाणी है?
नहीं। यह ग्रहों के सामान्य रुख़ का मार्गदर्शन है। असली असर आपकी अपनी कुंडली और दशा पर भी निर्भर करता है।